[ 海外谍照] 日前,海外曝光了现代IONIQ 6 N谍照,这款车将会在2025古德伍德速度节上首发亮相,这将会是一款中型性能纯电轿车,它的价格不会太便宜,但是并不是高不可攀的。 जेएनएफ, जागरण, जम्मू। फास्ट ट्रैक कोर्ट, जम्मू के पीठासीन अधिकारी अमरजीत सिंह लंगेह ने छह वर्षीय बच्ची के साथ दुष्कर्म के मामले में आरोपित को दोषी करार दिया है। कोर्ट 30 अगस्त को अब आरोपित सोहन सिंह उर्फ सोनू की सजा की घोषणा करेगी।,कोर्ट में पुलिस की ओर से पेश मामले के अनुसार 2 मई 2015 को पीड़ित बच्ची अपने घर से एक दुकान पर प्याज लेने के लिए गई थी। इस दौरान आरोपित बहलाफुसला कर उसे अपने साथ खेत में ले गया था और उसका मुंह अपने हाथ से बंद कर उससे दुष्कर्म किया था। बच्ची की चिखोपुकार को सुन कर उसके पिता मौके पर पहुंचे थे।,बच्ची के पिता को देख कर आरोपित सोहन वहां से भाग गया, जबकि बच्ची खून से लथपथ थी। बच्ची की स्वास्थ्य जांच करवाई गई और वह एक माह तक अस्पताल में भर्ती रही थी। मेडिकल और फोरेंसिक रिपोर्ट में उससे दुष्कर्म होने की पुष्टि हुई थी।,यह भी पढ़ें- लद्दाख में फंसे 40 पर्वतोरोहियों को आपदा प्रतिक्रिया दल ने बचाया, नुन कुन चोटी के पास बर्फीले तूफान में फंसे इसके अलावा कोर्ट में बच्ची के पिता के अलावा एक पोल्ट्री फार्म के मालिक ने भी आरोपित के विरुद्ध कोर्ट में गवाही दी। हालांकि, आरोपित के वकील ने इस मामले को झूठा बता कर उसे फंसाने की बात कोर्ट में कही थी, लेकिन कोर्ट ने इस दलील को खारिज करते हुए आरोपित सोहन सिंह को बच्ची से दुष्कर्म का दोषी करार दिया। कोर्ट ने कहा कि आरोपित के विरुद्ध पुख्ता सबूत है, जो उसे दोषी करार देने के लिए काफी है,
उच्च न्यायालय ने पीएसए हिरासत को किया रद
जम्मू-कश्मीर और लद्दाख उच्च न्यायालय ने कुलगाम निवासी की पब्लिक सेफ़्टी एक्ट के तहत की गई हिरासत को रद करते हुए कड़ी टिप्पणी की है। अदालत ने कहा कि जिला मजिस्ट्रेट ने पुलिस द्वारा तैयार किए गए डोजियर को बिना सोचे समझे डाक खाने की तरह आगे बढ़ा दिया।,जस्टिस राहुल भारती ने याचिका पर सुनवाई करते हुए याचिकाकर्ता पर लगे पीएसए हिरासत के निर्देश को निरस्त कर दिया। यह आदेश कुलगाम के शौंच निवासी रईस अहमद ठोकर के खिलाफ जारी किया गया था। यह भी पढ़ें- Udhampur News: भूस्खलन से सड़कें-बिजली और पानी की आपूर्ति बाधित, लोअर बली से 100 लोग कर चुके पलायन याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने दलील दी कि ठोकर के खिलाफ वर्ष 2019 और 2020 में दो एफआईआर दर्ज हुई थीं, लेकिन उनमें पहले ही जमानत मिल चुकी थी। इसके बावजूद कुलगाम के एसपी ने उन्हें सक्रिय ओवर ग्राउंड वर्कर (ओजीडब्ल्यू) बताते हुए पीएसए में हिरासत की सिफारिश की। इसी डोजियर पर जिला मजिस्ट्रेट ने आदेश पारित कर दिया।,उच्च न्यायालय ने अपने आदेश में कहा कि हिरासत आदेश में लिखे शब्द कुलगाम एसपी द्वारा प्रस्तुत आधारों पर यह साफ दिखाते हैं कि मजिस्ट्रेट ने स्वतंत्र रूप से डोजियर नहीं पढ़ा और केवल पुलिस की रिपोर्ट को मंजूरी दे दी। ऐसा रवैया कानून के मूल सिद्धांतों के विरुद्ध है और इस प्रकार की हिरासत शुरुआत से ही अवैध मानी जाएगी।,उच्च न्यायालय ने निर्देश दिया कि ठोकर, जो वर्तमान में सेंट्रल जेल श्रीनगर में बंद हैं, को तुरंत रिहा किया जाए, बशर्ते वे किसी अन्य मामले में वांछित न हों। यह भी पढ़ें- Jammu News: कटड़ा-रियासी मार्ग लगातार दूसरे दिन भी बंद, हल्के वाहनों के लिए खोला गया बाणगंगा का वैकल्पिक मार्ग。新车采用黑化的车身设计,隐藏式门把手,带有红色装饰的侧裙,配备倍耐力运动轮胎和红色卡钳。另一张尾部的谍照显示了该车配备夸张的后扰流板,双层的扰流板设计,溜背风格,整个后包围的设计也相当激进。